इन एक्सपर्ट टिप्स से करे असली एवं नकली लैदर की पहचान

दोस्तों शर्दियों ने दस्तक दे दी है| मौसम विभाग कि माने तो इस बार उत्तर भारत समेत भारत के अधिकांश हिस्सों में कड़ाके की ठण्ड गिरने का अनुमान लगाया जा रहा है| जहाँ एक तरफ लोग कही बर्फीले वादियों में ” ये हसीन वादियाँ” गाना गाते हुए एन्जॉय कर रहे हैं तो वही दुसरे तरफ़ शर्दियो के दस्तक देते ही बाजार ढेरों किस्म के फैशनेबुल स्वेटर्स एवं जैकेट से लद चुकी है| ऐसे में बाजार में  बिक रहे स्टाइलिश एवं ट्रेंडी लेदर जैकेट को खरीदने से खुदको रोक पाना किस हद तक संभव रह पाता है| हमारे युवा पीढ़ी के बीच आज एक स्टाइल स्टेटमेंट बन चुकी लेदर जैकेट को पहनने का शौक तो हम सब रखते हैं, मगर क्या आपको असली एवं नकली लेदर जैकेट ( Tips to Identify Genuine Leather Jacket) की पहचान है..? क्या आपके नासमझी की वजह से कही कोई दूकानदार आपको नकली लेदर का सामान दे, आपको चुना लगा रहा है..?

अमूमन असली लैदर की पहचान न कर पाने के कारण हम स्टाइलिश से दिख रहे किसी नकली लैदर के भी मुंह मांगी कीमत दे बैठते हैं जिसका नतीजा हमेशा इस्तेमाल करने के बाद पता चल पाता है| ऐसे में इन्ही उलझनों को दूर करने हमारी टीम पहुंची हमारे फैशन एक्सपर्ट हृतुराज यादव जी के पास| स्वयं उनके मुताबिक..

असली लैदर को पहचान के कई तरीके हैं| एक तौर पर देखा जाये तो लैदर की बनावट उसके रंग और उसके गंध से ही असली एवं नकली लैदर प्रोडक्ट के बीच में फर्क किया जा सकता है|

हालाँकि लैदर के बनावट, रंग एवं गंध के हिसाब से असली एवं नकली में अंतर कर पाने के लिए आपको हृतुराज जी के तरह एक्सपर्ट बनना पड़ेगा| परन्तु इसके अलावा भी और भी ऐसे कई टिप्स है जिनसे आप असली एवं नकली चमड़े में काफी हद तक अंतर कर पाएंगे| पेश है एक रिपोर्ट :

Tips to Identify Genuine Leather Jacket

(1) असली लैदर की जैकेट चमड़े की बनी होती है जिनमे छोटे-छोटे असंख्य रोमछिद्र होते हैं| यही वजह है कि ओरिजिनल लैदर को खींचने पर आपको उनमे हजारों छोटे-छोटे छेद दिखेंगे जो की नकली में नहीं होती|

इसे भी पढ़े: कम पैसे में कैसे लगे स्टाइलिश

(2) असली लैदर के जैकेट के चमक पर उतना ध्यान नहीं दिया जाता वही दुसरे ओर नकली लैदर के जैकेट को डाई एवं केमिकल मिला चमकदार एवं आकर्षक बनाया जाता है| यही वजह है कि नकली लैदर से केमिकल की तेज़ गंध आती है|

(3) लैदर को पहचानने का एक और आसान तरीका है उसे दबाकर या खींचकर देखना| अगर लैदर असली है तो आपको इसमें सिकुड़न और खिंचाव नजर आएगी और अगर आपका लैदर नकली है तो इस पर कोई फर्क नहीं दिखेगा|

 

(4) चुकीं असली लैदर में असंख्य रोमछिद्र होते है जिस वजह से असली लैदर काफी हद तक पानी (ओस की बुँदे) अब्सोर्ब कर लेता है वही दूसरी ओर रोमछिद्रों के अभाव में नकली लैदर ऐसा नहीं कर पाती|

(5) असली लैदर को छूने पर मुलायम और कोमल लगती हैं वहीं नकली चमड़ा छूने पर हार्ड और सख्त  बनी रहती है|

(6) असली जैकेट पहचानने का इससे बेहतर और इससे खतरनाक तरीका नहीं हो सकता| अपने जैकेट के किसी छोटे से भाग को 5-10 सेकंड के लिए लाइटर/फ्लेम में रखे| यदि लैदर ओरिजिनल है तो कुछ नहीं होगा और आपको चमड़े की जलने की बदबू आएगी वही नकली लैदर प्लास्टिक के जलने के तरह गंध करेगी|

Hrituraj Yadav

ऋतुराज एक फैशन ब्लॉगर (Fashion Blogger) और टॉमकैट क्लॉथ इंडिया से सह-संस्थापक हैं |